आरा में ऑपरेशन 'आहट' के तहत बड़ी कार्रवाई, 2 मानव तस्कर गिरफ्तार, 9 नाबालिग रेस्क्यू
दोनों आरोपियों ने बच्चों को अग्रिम राशि के तौर पर पांच-पांच सौ रुपए सभी को दिए थे. तस्करों का नाबालिगों को झांसा देकर ले जाने के पीछे मकसद सिकंदराबाद ले जाकर चॉकलेट फैक्ट्री में काम कराना बताया जा रहा है.

BIHAR (BHOJPUR): दानापुर मंडल अंतर्गत आरपीएफ पोस्ट आरा द्वारा ऑपरेशन 'आहट' के तहत मानव तस्करी के विरुद्ध बड़ी सफलता प्राप्त की गई है. वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त, दानापुर के निर्देशानुसार मानव तस्करों पर कड़ी नजर रखते हुए 12 जनवरी (सोमवार) को आरपीएफ की कार्रवाई में दो मानव तस्करों को दबोचा गया. इस कार्रवाई में GRP (Government Railway Police) आरा व बचपन बचाओ संस्था सदस्यों के सहयोग से कार्रवाई करते हुए दो मानव तस्करों को गिरफ्तार कर लिया गया. इनके कब्जे में रखे गए 9 बच्चों को भी रेस्क्यू कर लिया गया है. बता दें कि इन नाबालिग बच्चों को प्रलोभन देकर साथ ले जाया जा रहा था.
चॉकलेट फैक्ट्री में काम कराना था मकसद
आरपीएफ द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार तस्करों का नाबालिगों को झांसा देकर ले जाने के पीछे मकसद सिकंदराबाद ले जाकर चॉकलेट फैक्ट्री में काम कराना बताया जा रहा है. गिरफ्तार किए गए मानव तस्करों के नाम निर्मल कुमार और पल्लू राम बताया गया है. जहां आरोपी निर्मल कृष्णगढ़ थाना क्षेत्र का निवासी है, वही पल्लू राम का पता भोजपुर जिला स्थित पिरो थाना अंतर्गत पंचरुखिया इलाका बताया गया. दोनों आरोपियों के पास से आरा से सिकंदराबाद के पांच-पांच रेल टिकट प्राप्त किए गए हैं. इसके साथ ही नकद राशि व एक मोबाइल भी बरामद किए गए हैं.
नाबालिग किए गए रेलवे चाइल्ड लाइन को सुपुर्द
पुलिस द्वारा जानकारी दी गई कि दोनों आरोपियों ने बच्चों को अग्रिम राशि के तौर पर पांच-पांच सौ रुपए सभी को दिए थे. इन प्रलोभनों के साथ बच्चों को डराकर साथ ले जाया जा रहा था. मिली खबर के अनुसार सभी रेस्क्यू किए गए बच्चों को भोजपुर के रेलवे चाइल्ड लाइन को सुपुर्द कर दिया गया है. बताया गया कि आगे की सारी औपचारिकताएं पूरी कर उन्हें उनके घर पहुंचा दिया जाएगा.
वहीं GRP आरा में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है. आरपीएफ पुलिस ने कहा कि रेलवे सुरक्षा बल मानव तस्करी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई हेतु सतत रूप से प्रतिबद्ध है.
रिपोर्ट: आशीष कुमार









