गिरिडीह में 'सशक्त महिला, सशक्त झारखंड' विषय पर हुआ कार्यशाला का आयोजन, DC ने लोगों से की जागरूक होने की अपील
डीसी रामनिवास ने कहा कि बाल विवाह के जाल में चाहे लड़का फंसे, या कोई लड़की, जीवन खराब होना तय रहता है. इसके लिए जरूरी है समाज जागरूक बनें.

Giridih: सामाजिक कुरीति 'बाल विवाह' को लेकर गिरिडीह के बगोदर के दोंदलो स्टेडियम में बुधवार को कार्यशाला का आयोजन किया गया. सशक्त महिला, सशक्त झारखण्ड विषय पर आयोजित कार्यशाला कि शुरुआत डीसी रामनिवास यादव, डीडीसी स्मिता कुमारी, बगोदर एसडीएम, बीडीओ निशा कुमारी और एसडीपीओ धनंजय राम ने दीप जलाकर किया.
कार्यशाला में शामिल सरकारी विभाग से जुड़ें कर्मियों के बीच डीसी और डीडीसी ने कई जानकारी साझा किए. मौके पर डीसी रामनिवास ने कहा कि बाल विवाह के जाल में चाहे लड़का फंसे, या कोई लड़की, जीवन खराब होना तय रहता है. इसके लिए जरूरी है समाज जागरूक बनें. क्योंकि विवाह के लिए जो तय है. उसी उम्र में विवाह होना चाहिए. जिससे एक बेहतर और सशक्त राज्य बन सकें.
डीसी ने कहा जागरूकता के अभाव में ही डायन कहकर ग्रामीण इलाकों में महिलाओं को अपमानित किया जाता है और यह सवाल भी जरूरी है कि क्या आज जिस दौर में समाज चल रहा है. उसमें कोई डायन भी हो सकती है. समाज इसे समझें कि ऐसे कुकृत्य से एक महिला के सम्मान को ठेस पहुंच रही है. कार्यशाला में बगोदर प्रमुख आशा राज समेत कई लोग शामिल हुए.
रिपोर्ट- मनोज कुमार पिंटू / अशोक यादव / संतोष तर्वे









