आज के ही दिन हुई थी सीएरा लियोन में चल रहे युद्ध की आधिकारिक समाप्ति, मारे गए थे 50 हजार से अधिक लोग
साल 2002 में आज के ही दिन हुई थी सिएरा लियोन में 11 वर्षों से चल रहे गृहयुद्ध की आधिकारिक तौर पर समाप्ति की घोषणा की गई थी. पड़ोसी देश लाइबेरिया से...

18th Jan in History: सीएरा लियोन पश्चिमी अफ्रीका का एक देश है. जो एक समय गृहयुद्ध की भीषण आग में झुलस रहा था. इस आग की पहली लपटें पड़ोसी देश लाइबेरिया से आयी थी. 1991 में शुरु हुए इस गृहयुद्ध की समाप्ति ग्यारह वर्षों के लंबे अंतराल ब्रिटिश सेना और संयुक्त राष्ट्र के हस्तक्षेप के बाद साल 2002 में हुई.

यूरोपीय शक्तियों का हस्तक्षेप
सीएरा लियोन का गृहयुद्ध (1991-2002) तब शुरू हुआ जब फोडे संकोह के विद्रोही समूह (RUF) ने भ्रष्टाचार खत्म करने के बहाने सत्ता पर कब्जे और हीरा खदानों पर नियंत्रण के लिए हमला किया. यह 11 साल का संघर्ष 'ब्लड डायमंड्स', बच्चों को सैनिक बनाने और आम नागरिकों पर भयानक अत्याचारों के लिए कुख्यात रहा. युद्ध का रुख तब बदला जब 2000 में ब्रिटिश सेना और संयुक्त राष्ट्र (UNAMSIL) ने हस्तक्षेप किया, जिसके परिणामस्वरूप विद्रोहियों को हथियार डालने पड़े और 18 जनवरी 2002 को आधिकारिक तौर पर शांति की घोषणा हुई.
क्या थे गृहयुद्ध के कारण?
सिएरा लियोन के गृहयुद्ध (1991-2002) के मुख्य कारण व्यापक सरकारी भ्रष्टाचार, देश के मूल्यवान हीरों के व्यापार पर नियंत्रण की इच्छा, विद्रोही समूह 'रिवोल्यूशनरी यूनाइटेड फ्रंट' (RUF) का सत्ता पर कब्ज़ा करने का प्रयास, और पड़ोसी लाइबेरिया में संघर्ष का प्रभाव थे, जिससे गरीबी, बेरोजगारी और जनता में सरकार के प्रति असंतोष बढ़ गया, और अंततः हिंसक संघर्ष छिड़ गया, जिसमें बाल सैनिकों का इस्तेमाल और वीभत्स अत्याचार शामिल थे.
डरा देने वाले मौत के आंकड़े
सिएरा लियोन के गृहयुद्ध (1991-2002) में 50,000 से 75,000 लोगों की मौत होने का अनुमान है, जिसमें बड़ी संख्या में नागरिक विस्थापित हुए, और हजारों लोगों के हाथ-पैर काट दिए गए, साथ ही व्यापक यौन हिंसा और बच्चों को लड़ाकों के रूप में भर्ती किया गया. कहीं-कहीं ये मौत के आंकड़े दो से तीन लाख तक भी बताए गए हैं.
गृहयुद्ध के बाद
गृहयुद्ध के बाद पहले चुनाव मई 2002 में हुए, जिसमें काबा ने बहुमत से जीत हासिल की. काबा के प्रशासन ने सुलह को बढ़ावा देने , आंतरिक सुरक्षा बनाए रखने और आर्थिक सुधार और पुनर्निर्माण पर ध्यान केंद्रित किया. इसी उद्देश्य से, उसी गर्मी में एक सत्य एवं सुलह समिति और संयुक्त राष्ट्र द्वारा प्रायोजित युद्ध अपराध न्यायाधिकरण (सिएरा लियोन के लिए विशेष न्यायालय) की स्थापना की गई, और संयुक्त राष्ट्र के शांति सैनिक दिसंबर 2005 तक देश में तैनात रहे . युद्ध के बाद के वर्षों में आर्थिक पुनर्निर्माण में ऋण माफी और बॉक्साइट और रूटाइल खानों के फिर से खुलने से कुछ हद तक मदद मिली. फिर भी, युद्ध के बाद के वर्षों में, सिएरा लियोन को लगातार दुनिया के सबसे गरीब देशों में से एक माना जाता रहा.
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