राज्यसभा में NDA की बढ़ती ताकत, दो-तिहाई बहुमत के करीब पहुंचा सत्तापक्ष
राज्यसभा में NDA की बढ़ती ताकत, दो-तिहाई बहुमत के करीब पहुंचा सत्तापक्ष

संसद के उच्च सदन में सत्तारूढ़ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की स्थिति लगातार मजबूत होती नजर आ रही है। हाल के राजनीतिक घटनाक्रमों, नए सांसदों के शपथ ग्रहण और विपक्षी दलों में हुई टूट के बाद गठबंधन की संख्या पहले की तुलना में काफी बढ़ गई है। इससे राज्यसभा में सरकार की स्थिति और अधिक प्रभावशाली मानी जा रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि आगामी उपचुनावों और कुछ राज्यों में होने वाले चुनावों के परिणाम सरकार के पक्ष में आते हैं, तो एनडीए दो-तिहाई बहुमत के बेहद करीब पहुंच सकता है। पश्चिम बंगाल की रिक्त सीटों और अन्य राज्यों में संभावित सफलता को लेकर भाजपा और उसके सहयोगी दल आशावादी हैं।
वहीं, कुछ ऐसे क्षेत्रीय दल भी हैं जो औपचारिक रूप से NDA का हिस्सा नहीं हैं, लेकिन कई महत्वपूर्ण विधेयकों और संवैधानिक मामलों में केंद्र सरकार का समर्थन करते रहे हैं। ऐसे दलों का सहयोग मिलने पर राज्यसभा में सरकार के लिए बड़े विधायी प्रस्तावों को आगे बढ़ाना पहले की तुलना में आसान हो सकता है। दूसरी ओर, विपक्षी इंडिया गठबंधन को हाल के महीनों में कई राजनीतिक झटकों का सामना करना पड़ा है। विभिन्न दलों में अंदरूनी मतभेद, नेताओं के इस्तीफे और कुछ सांसदों के पाला बदलने से विपक्ष की संख्या और प्रभाव दोनों में कमी आई है। इससे संसद के उच्च सदन में सरकार को चुनौती देने की उसकी क्षमता कमजोर पड़ती दिखाई दे रही है।
हालांकि, लोकसभा की तस्वीर अभी अलग है। वहां दो-तिहाई बहुमत हासिल करने के लिए एनडीए को अभी भी पर्याप्त अतिरिक्त समर्थन की आवश्यकता होगी। ऐसे में आने वाले चुनावी नतीजे और राजनीतिक समीकरण यह तय करेंगे कि संसद के दोनों सदनों में सरकार की ताकत किस दिशा में आगे बढ़ती है।
specializes in local and regional stories, bringing simple, factual, and timely updates to readers.
Related Posts

यूपी में भाजपा का मिशन 2027 शुरू, हारी सीटों पर रहेगा संगठन का खास फोकस

DMK को बड़ा राजनीतिक झटका, MDMK ने 9 साल पुराना साथ छोड़ा







