गिरिडीह में भू-माफिया के करतूत ने नगर विकास मंत्री के दो बड़े ड्रीम प्रोजेक्ट के निर्माण कार्य पर लगाया ग्रहण
गिरिडीह में करोड़ों की लागत से 75 एकड़ में प्रस्तावित सर जेसी बॉस यूनिवर्सिटी के शुरुआती चारदीवारी निर्माण कार्य पिछले अक्टूबर महीने से बंद हो गया है.

Giridih: गिरिडीह में भू-माफियाओं ने अब राज्य के नगर विकास मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के ड्रीम प्रोजेक्ट पर नजर लगा दिया है. और नजर भी ऐसा लगाया कि करोड़ों की लागत से 75 एकड़ में प्रस्तावित सर जेसी बॉस यूनिवर्सिटी के शुरुआती चारदीवारी निर्माण कार्य पिछले अक्टूबर महीने से बंद हो गया है. अब सोचिए कि गिरिडीह में भू-माफियाओं का मनोबल किस कदर बढ़ गया हैं कि वे राज्य सरकार में नगर विकास मंत्री के प्रोजेक्ट पर कहर बन कर टूट पड़े हैं.
गांडेय विधायक, मंत्री और राजयसभा सांसद ने किया था शिलान्यास
दूसरी ओर मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू का प्रयास है कि गिरिडीह जिले के छात्रों को उच्च शिक्षा मिले साथ ही उनका भविष्य बेहतर और मजबूत हो. आपको बता दें, यह बातें हम नहीं कह रहे है. दरअसल, सदर अंचल के जरिडीह मौजा के खाता नंबर 180 और प्लाट नंबर 1534 के 75 एकड़ में सर जेसी बॉस यूनिवर्सिटी का निर्माण होना था. जिसका साल 2024 में चुनाव से पहले गांडेय विधायक कल्पना सोरेन और मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के साथ राज्यसभा सांसद सरफराज अहमद ने जरिडीह मौजा में सर जेसी बॉस यूनिवर्सिटी सह इंजीनियरिंग कॉलेज का शिलान्यास किया था. 75 एकड़ में जहां यूनिवर्सिटी का निर्माण होना था, तो वहीं, 50 एकड़ के प्लाट में इंजीनियरिंग कॉलेज का निर्माण प्रस्तावित था.
हाईकोर्ट के आदेश के बाद डीसी ने कार्य बंद करने का दिया निर्देश
इतना ही नहीं, दोनों के लिए शुरुआती दौर में चारदीवारी निर्माण के लिए करोड़ों रुपए का फंड भी आ गया. लेकिन अब निर्माण कार्य बंद कर हो चुका है. क्योंकि सुरेन्द्र बर्मन नामक भू-माफिया ने इसी खाता नंबर के प्लाट पर अपना अधिकार जताकर हाईकोर्ट में केस कर दिया है. वहीं, मामले में उच्च न्यायलय के आदेशों के आधार पर डीसी रामनिवास यादव ने एजेंसी को कार्य बंद करने का निर्देश दिया है. फिलहाल, मामला अब न्यायालय में होने के कारण पिछले दो महीने से निर्माण कार्य ठप पड़ा है.इधर, इस पूरे मामले में स्थानीय लोगों का कहना है कि ये गलत हुआ. जिस यूनिवर्सिटी से गिरिडीह के छात्रों का भविष्य बनना था. वो बंद हो गया है और इसका कारण सिर्फ जमीन विवाद है.
रिपोर्ट- मनोज कुमार पिंटू









