BJP का धरना, दलीय आधार पर चुनाव कराने की मांग, "बैलेट पेपर का हथकंडा.. सरकार का षड्यंत्र": अमर बाउरी
निकाय चुनाव पिछले वर्ष 6 वर्षों से राज्य में नहीं कराया गया है. जिसे सरकार द्वारा बैलेट पेपर पर कराने के फैसले को पलटने की मांग को लेकर अलग-अलग जिलों में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किए जा रहे हैं. भाजपा की मांग है कि चुनाव ईवीएम द्वारा कराई जाए.

JHARKHAND (BOKARO): निकाय चुनाव की तिथि अविलंब घोषित करने, ईवीएम से चुनाव कराने तथा दलीय आधार पर चुनाव कराने की मांग को लेकर आज चास नगर निगम क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने धरना-प्रदर्शन किया. इस धरने में चंदनकियारी के पूर्व विधायक अमर बाउरी और बोकारो के पूर्व विधायक बिरंची नारायण भी शामिल हुए. बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और समर्थक सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते नजर आए.

‘बैलेट पेपर से चुनाव कराने की कोशिश सरकार का षड्यंत्र’
धरना को संबोधित करते हुए पूर्व विधायक अमर बाउरी ने कहा कि राज्य में पिछले छह वर्षों से निकाय चुनाव नहीं कराए गए हैं, जो हेमंत सोरेन सरकार की मंशा पर गंभीर प्रश्न खड़े करता है. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जान-बूझकर चुनाव टाल रही है, ताकि लोकतांत्रिक प्रक्रिया को कमजोर किया जा सके. अमर बाउरी ने कहा कि बैलेट पेपर से चुनाव कराने की कोशिश सरकार का षड्यंत्र है, ताकि गड़बड़ी कर झामुमो समर्थित उम्मीदवारों को जीत दिलाई जा सके. उन्होंने स्पष्ट रूप से मांग की कि चुनाव निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से ईवीएम के माध्यम से कराए जाएं.

‘हेमंत सोरेन खुद दो बार EVM से चुनाव जीतकर सत्ता में आए हैं’
वहीं पूर्व विधायक बिरंची नारायण ने कहा कि हेमंत सोरेन स्वयं दो बार ईवीएम से चुनाव जीतकर राज्य की सत्ता में आए हैं. ऐसे में अब निकाय चुनाव बैलेट पेपर से कराने की बात करना सरकार की दोहरी नीति को दर्शाता है. उन्होंने आरोप लगाया कि नगर निकायों पर कब्जा जमाने के उद्देश्य से सरकार चुनाव प्रक्रिया में बदलाव करना चाहती है. बिरंची नारायण ने यह भी कहा कि अभी तक चुनाव की तिथि की घोषणा नहीं होने से जनता के बीच आशंका का माहौल बना हुआ है.

भाजपा नेताओं ने राज्य सरकार से मांग की कि निकाय चुनाव की तिथि शीघ्र घोषित की जाए और लोकतंत्र की मजबूती के लिए ईवीएम एवं दलीय आधार पर चुनाव कराए जाएं.









