NEET धांधली पर EOU का बड़ा एक्शन! डॉक्टर समेत 3 गिरफ्तार
बिहार में NEET-UG 2026 और RE-NEET 2026 से जुड़ी कथित धांधली की जांच कर रही EOU ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में फर्जी स्कॉलर बैठाने, बायोमेट्रिक और फोटो में हेरफेर के आरोप सामने आए हैं।


बिहार में NEET- UG 2026 और RE-NEET 2026 परीक्षा में हुई धांधली के मामले मैं जांच कर रही आर्थिक अपराध इकाई यानी EOU ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इन तीन नाम में डॉक्टर उज्जवल राज, डॉक्टर रवि शंकर उर्फ सम्राट, और रविशंकर का भाई अश्विनी कुमार के नाम शामिल है। EOU ने NEET 2026 धांधली के मामले में डॉक्टर उज्जवल राज ओर RE-NEET 2026 मैं हुई धांधली में मुख्य सरगना डॉक्टर रवि शंकर को गिरफ्तार किया है। डॉ उज्जवल राज की गिरफ्तारी 11 अगस्त को पटना के आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय में MBBS की पूरक परीक्षा के केंद्र के बाहर से किया गया।
NEET और RE-NEET मामलों में अलग-अलग भूमिका का आरोप
आपको बताते चले की उज्जवल राज परीक्षा धांधली का मुख्य आरोपी है। बरामदगी में उसके पास से स्कॉर्पियो वाहन और 2.95 लख रुपए बरामद किए गए। वही डॉक्टर रवि शंकर उर्फ सम्राट को 12 अगस्त को गिरफ्तार किया गया। आरोपी Re-NEET परीक्षा में होने वाले अनियमिताओं का मुख्य सरगना है। उसके भाई अश्विनी कुमार को गिरोह को संरक्षण देने और सहयोग करने के लिए गिरफ्तार किया गया है।
एडमिट कार्ड से लेकर ब्लैंक चेक तक बरामद
छापेमारी के दौरान जांच एजेंसी को कई परीक्षाओं के एडमिट कार्ड, छात्रों के प्रमाण पत्र, परीक्षा की खाली बुकलेट और बड़ी संख्या में ब्लैंक चेक मिले। इसके अलावा बैंक से जुड़े दस्तावेज, करीब दो लाख रुपये नकद और कथित फर्जी आय, जाति एवं दिव्यांगता प्रमाण पत्र भी घटनास्थल से बरामद किए गए हैं। जांच में कथित तौर पर यह भी सामने आया है कि गिरोह मूल अभ्यर्थियों की जगह दूसरे लोगों को परीक्षा में बैठाने के लिए बायोमेट्रिक और फोटो में हेरफेर करवाता था। फिलहाल तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद EOU पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी हुई है। आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।

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