भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद आदित्य साहू ने विधानसभा सत्र के दौरान राज्य सरकार के दो मंत्रियों—स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी और कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की—की कार्यशैली पर कड़ा हमला बोला। उन्होंने दोनों मंत्रियों पर जनता के मुद्दों से ध्यान भटकाने और केवल दिखावटी राजनीति करने का आरोप लगाया।

आदित्य साहू ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी अब “नौटंकी मंत्री” बन गए हैं। उनके कामकाज में विभाग की समस्याओं को दूर करने की कोई गंभीरता नहीं दिखती, बल्कि अपनी विफलताओं को छुपाने के लिए वे बयानबाजी और दिखावटी कदमों का सहारा ले रहे हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अगर रिक्शे की सवारी करनी ही थी तो उस दिन करनी चाहिए थी, जब एक पिता को अपने बेटे की लाश झोले में भरकर ले जानी पड़ी थी।
उन्होंने आरोप लगाया कि थैलीसीमिया से पीड़ित बच्चों को एचआईवी संक्रमित खून चढ़ाने जैसी गंभीर घटनाएं सामने आईं, गरीबों को समय पर एम्बुलेंस तक नहीं मिल रही, गर्भवती महिलाओं को खटिया पर लादकर अस्पताल लाना पड़ रहा है। ऐसे समय में अगर मंत्री गरीबों के लिए व्यवस्था सुधारते तो उसे उनकी जिम्मेदारी माना जाता, लेकिन वे केवल नौटंकी में व्यस्त हैं।

वहीं कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की पर निशाना साधते हुए साहू ने कहा कि किसानों के हित की चिंता सरकार को करनी चाहिए। चार महीने बीत जाने के बाद भी किसानों से धान की खरीद पूरी नहीं हो सकी है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार अभी तक केवल लगभग 50 प्रतिशत धान की ही खरीद हुई है और जिन किसानों से धान खरीदा गया है, उन्हें भी भुगतान समय पर नहीं मिला है।
साहू ने कहा कि 3200 रुपये प्रति क्विंटल धान खरीदने और 450 रुपये में गैस सिलेंडर देने के वादे करके सत्ता में आई सरकार अब अपने वादों को भूल चुकी है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राज्य में गैस की किल्लत को लेकर भ्रम फैलाया जा रहा है, जबकि देश में गैस की कोई कमी नहीं है।
उन्होंने जनता से अपील की कि वे सरकार के मंत्रियों की ऐसी नौटंकी से दिग्भ्रमित न हों।






