राज्य के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल राजेंद्र इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस यानि रिम्स की तस्वीर अब जल्द बदलने की तैयारी हो रही है । रिम्स की तकदीर को अब एक नया मोड़ मिलने वाला है । हाल ही में रिम्स की जर्जर बिल्डिंग को लेकर रिम्स प्रबंधन और जेबीसीसीएल के बीच बैठक हुई है जिसमें कई बड़े फैसले लिए गए है । जलजमाव और जर्जर बिल्डिंग को सुधारने का बनाया गया प्लान। रिम्स में पानी भरने से रोका जाएगा रिम्स में अक्सर मानसून में बारिश के पानी के कारण नालियों का बहाव बढ़ जाता है और रास्ते पर जलजमाव की स्थिति बन जाती है । रिम्स के सुपर स्पेशलिटी वार्ड के पास यह समस्या मरीजों को झेलनी पड़ती है । लेकिन अब रिम्स के ड्रेनेज के लिए एक नई व्यवस्था कायम की जा रही है । रिम्स के छतों से यह काम शुरू हो रहा है और पूरे ड्रेनेज को एक नया रास्ता दिया जाएगा । मानसून से पहले ही यह काम भी पूरा कर लिया जाएगा । जर्जर बिल्डिंग को बदलने का किया गया आग्रह रिम्स की जर्जर बिल्डिंग और टूटते छज्जे किसी से छुपे नहीं है । ऐसे में JSBCCL सचिव अरवा राजकमल से रिम्स प्रबंधन ने आग्रह किया है कि जल्द रिम्स को नए भवन दिए जाए ताकि कोई दुर्घटना ना हो । बैठक में आश्वासन मिला है कि जल्द ही आईपीडी बिल्डिंग के मरम्मतीकरण का काम शुरू होगा । पूर्व में ही कमिटी ने जानचोपूरांत बताया था कि आईपीडी बिल्डिंग की लाइफ सिर्फ 10 साल की बची है । कैंपस 3 में आईपीडी बिल्डिंग है प्रस्तावित झारखंड हाई कोर्ट के आदेश के बाद रिम्स की जमीन से अतिक्रमण हटाया गया था जिसमें बरियातू DIG ग्राउंड से अवैध निर्माण हटाए गए और रिम्स ने बाउंड्री कर ली है । इस ग्राउंड में जल्द 500 बेड का आईपीडी कॉम्प्लेक्स बनाए जाने की तैयारी है । इसके लिए भी रिम्स प्रबंधन ने JSBCCL से बात की है और इसको पूरा करने का आग्रह किया है ताकि मरीजों को पुराने बिल्डिंग के रेनोवेशन के समय कोई परेशानी का सामना ना करना पड़े । झारखंड हाई कोर्ट में रिम्स को सौंपना है रिपोर्ट रिम्स की व्यवस्था को लेकर झारखंड हाई कोर्ट में ज्योति शर्मा ने जनहित याचिका दायर की थी और मामले की सुनवाई 22 अप्रैल को होनी है । रिम्स को अगली सुनवाई से पहले मिशनों की खरीदारी , वार्ड की सुविधा और बिल्डिंग की व्यवस्था को लेकर रिपोर्ट तैयार कर कोर्ट में जमा करना होगा । वही रिम्स की कोशिश है कि कोर्ट में सभी रिपोर्ट सौंपने से पहले सभी व्यवस्थाओं को दुरुस्त कर लिया जाए ।






