Jharkhand (Giridih): निकाय चुनाव के दौरान सोमवार को हुए गोलीकांड के बाद गिरिडीह का माहौल कुछ हद तक तनावपूर्ण रहा. समीम रायन और सबीर अंसारी को उनके घर आजाद नगर के बाहर गोली मारा गया. इसके बाद शहर में तनाव बढ़ता गया. दोनों को बेहतर इलाज के लिए धनबाद रेफर कर दिया गया. जहां दोनों का हालात स्थिर बताई जा रही है. इसकी पुष्टि खुद आईजी सुनील भास्कर ने भी गिरिडीह में की.
इस दौरान गोली चलाने का आरोप वार्ड पार्षद उम्मीदवार सरिता श्रीवास्तव के बेटे और पूर्व वार्ड पार्षद शिवम आजाद और उसके गुर्गों पर लगा. लिहाजा, शिवम की गिरफ्तारी को लेकर दूसरे वार्ड पार्षद उम्मीदवार के समर्थक और मुस्लिम समाज सड़कों पर उतरे. जिसके बाद शहर के भंडारीडीह रोड को जाम कर दिया गया. रोड जाम कर रहे लोगों में गुस्सा इस कदर भड़का कि हर गाड़ी को तोड़फोड़ करने लगे.
हर आते जाते लोगों को पीटा जा रहा था. यहां तक की कई पत्रकार को पीट दिया गया. इस बीच आईजी और डीआईजी भी देर रात गिरिडीह पहुंचे, और मामले पर नजर बनाए रखी. वही देर रात ही नगर थाना प्रभारी ज्ञान रंजन पर लापरवाही का आरोप लगाकर नगर थाना से हटाए जाने की चर्चा है. हालांकि अभी तक इसका अधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है. लेकिन चर्चा है कि आईजी के निर्देश पर एसपी डॉक्टर विमल कुमार ने रतन सिंह को नगर थाना का नया प्रभारी नियुक्त किया गया. इससे जुड़ा पत्र भी देर रात जारी किया गया.
वहीं समीम रायन और सबीर अंसारी पर गोली चलाने के आरोपी शिवम आजाद और उनके गुर्गे गिरिडीह से फरार बताए जा रहे हैं. जानकारी के अनुसार गिरिडीह जेएमएम द्वारा अशांति फैलाने वाले कार्यकर्ताओं में से शिवम आजाद को पार्टी से निलंबित कर दिया गया है.
जिला अध्यक्ष संजय सिंह द्वारा उक्त लोगों को पार्टी से हटाने की अनुशंसा भी की जाने की सूचना प्राप्त हुई है. बताते चलें कि 2024 के विधानसभा चुनाव में शिवम आजाद ने जेएमएम के समर्थन में खुलकर काम किया था. भाजपा के खिलाफ बगावत कर जेएमएम के समर्थन में मैदान में डटे रहे थे.
रिपोर्ट: मनोज कुमार पिंटू








