बच्चों के हाथ में हो किताब, नशे से रहें दूर!, बिरहोर परिवारों के बीच पहुंची हजारीबाग पुलिस की पाठशाला, बच्चों की शिक्षा पर दिया जोर
हजारीबाग पुलिस ने बरकट्ठा के बिरहोर परिवारों के बीच जागरूकता अभियान चलाया। पुलिस ने बच्चों की शिक्षा, नशामुक्ति, अंधविश्वास से बचाव और स्वच्छता को लेकर ग्रामीणों को जागरूक किया।

हजारीबाग : हजारीबाग जिले के बरकट्ठा थाना क्षेत्र में खाकी वर्दी का एक संवेदनशील और प्रेरणादायी मानवीय चेहरा सामने आया है। पुलिस केवल अपराध नियंत्रण तक सीमित न रहकर समाज में सकारात्मक बदलाव की वाहक बनी। पुलिस अधीक्षक हजारीबाग के निर्देश पर बरकट्ठा पुलिस की विशेष टीम ग्राम कोसमाबडाही टोला पहुंची, जहां उन्होंने विशेष रूप से कमजोर बिरहोर आदिम जनजाति परिवारों के बीच व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाया। पुलिस पदाधिकारियों ने ग्रामीणों के बीच बैठकर सीधा संवाद स्थापित किया और बच्चों की शिक्षा, अंधविश्वास उन्मूलन, नशा-मुक्ति तथा स्वच्छता जैसे अहम विषयों पर मार्गदर्शन दिया।
'बच्चों के हाथों में किताब ही तरक्की की राह', अभिभावकों को किया प्रेरित
जागरूकता चौपाल के दौरान पुलिस ने ग्रामीणों को समझाया कि आने वाली पीढ़ी के उज्ज्वल भविष्य के लिए बच्चों को नियमित रूप से स्कूल भेजना बेहद जरूरी है। पुलिस ने अभिभावकों को शिक्षा के महत्व से अवगत कराते हुए कहा कि शिक्षा ही वह सशक्त माध्यम है जो परिवार और समाज को विकास की मुख्यधारा से जोड़ सकता है। पुलिस कर्मियों ने अभिभावकों को अपने बच्चों का दाखिला कराने और उन्हें निरंतर पढ़ाई के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।
अंधविश्वास और कुरीतियों से बचने की सख्त हिदायत
अभियान के दौरान पुलिस ने ग्रामीणों को झाड़-फूंक और अंधविश्वास जैसी सामाजिक बुराइयों से दूर रहने की सलाह दी। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि अंधविश्वास अक्सर लोगों को आर्थिक नुकसान, बीमारी और सामाजिक शोषण की ओर धकेलता है। ग्रामीणों को समझाया गया कि किसी भी बीमारी या समस्या के समाधान के लिए अंधविश्वास का सहारा लेने के बजाय तर्कसंगत सोच अपनाएं और उचित स्वास्थ्य सेवाओं तथा प्रशासनिक माध्यमों का उपयोग करें।
नशे के खिलाफ आगाह किया, स्वच्छता व स्वस्थ जीवनशैली का दिया संदेश
पुलिस टीम ने बिरहोर परिवारों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति भी सचेत किया। ग्रामीणों से अपील की गई कि वे हड़िया, महुआ या अन्य नशीले पदार्थों के सेवन से बचें और विशेष रूप से किशोरों व युवाओं को नशे के चंगुल से दूर रखें। इसके साथ ही, टोले में बीमारियों से बचाव के लिए साफ-सफाई बनाए रखने, घरों के आसपास गंदगी न जमा होने देने और स्वच्छ व स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया गया। पुलिस की इस संवेदनशील पहल की स्थानीय लोगों ने खूब सराहना की।
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