Income Tax-GST अफसर बनकर कारोबारी को लूटा, 40.50 लाख लूट में 3 गिरफ्तार
बांका के चांदन में राइस मिल संचालक से 40.50 लाख रुपये लूटने के मामले में पुलिस ने तीन आरोपितों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि बदमाशों ने खुद को Income Tax और GST अधिकारी बताकर कारोबारी को रोका था। वारदात में इस्तेमाल स्कॉर्पियो भी बरामद हुई है।


बांका: चांदन में राइस मिल संचालक से लुटेरों ने बड़ी मात्रा में पैसे लूटने के काम को अंजाम दिया था| अब उस 40.50 लाख रुपये की लूट के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। फर्जी आयकर और GST अधिकारी बनकर कारोबारी को रोकने वाले गिरोह के तीन आरोपितों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। बांका और झारखंड की देवघर पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए इस गिरफ्तारी को सफल बनाया है। वारदात में इस्तेमाल सफेद रंग की स्कॉर्पियो भी बरामद कर ली गई है। हालांकि, लूटी गई रकम अभी पुलिस के हाथ नहीं लग पायी है|
गिरफ्तार आरोपितों की पहचान घनश्याम यादव, संजय सिंह और विशाल सिंह के रूप में हुई है। तीनों को जसीडीह पुलिस अपने साथ देवघर ले गई है। पुलिस अब गिरोह के बाकी सदस्यों और लूट की रकम की तलाश में छापेमारी कर रही है।
CCTV और मोबाइल लोकेशन से खुला रास्ता
वारदात के बाद पुलिस ने आरोपी का पता लगाने के लिए घटनास्थल और आसपास के इलाकों में लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली। इसके साथ ही आरोपितों के मोबाइल लोकेशन और दूसरे तकनीकी साक्ष्यों की भी जांच करवाई गई।
जांच से मिले सुरागों के आधार पर पुलिस ने संदिग्धों की पहचान की और उनके ठिकानों पर दबिश दी। इसी कार्रवाई में तीन आरोपितों को पकड़ लिया गया है। पुलिस ने मुख्य आरोपियों के घर से घटना में इस्तेमाल की गई स्कॉर्पियो भी ठिकाने से बरामद की गई है।
वंदे भारत पकड़ने निकले थे कारोबारी
मामला 8 अगस्त की सुबह का बताया जा रहा है जब श्याम राइस मिल के संचालक श्याम सर्राफ उर्फ विक्की अपने परिचित के साथ बाइक से जसीडीह रेलवे स्टेशन जा रहे थे। उनके पास 40.50 लाख रुपये रखे थे और उन्हें जसीडीह से कोलकाता जाने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस पकड़नी थी।
आरोप है कि दर्दमारा बॉर्डर पार करने के बाद एक स्कॉर्पियो ने बाइक को ओवरटेक करके रोका और गाड़ी से उतरे लोगों ने खुद को आयकर और GST विभाग का अधिकारी बताया और रुपयों की जांच करने की बात कही। इसके बाद कारोबारी को जबरन स्कॉर्पियो में बैठा लिया गया, जबकि उनके साथ मौजूद व्यक्ति को कथित तौर पर डरा-धमका कर वहां से भेज दिया गया।
फिर वहाँ से, आरोपित कारोबारी को जसीडीह थाना क्षेत्र के टाभाघाट गांव के पास एक सुनसान जगह पर ले गए। वहां उसके साथ मारपीट कर रुपयों से भरा बैग ले लिया गया। इसके बाद कारोबारी को जमुई के चंद्रमंडीह थाना क्षेत्र के चिहराढाड़ी जंगल के पास छोड़कर आरोपी नौ दो एग्यारह हो गए। किसी तरह कारोबारी ने पुलिस को सूचना दी। डायल 112 की सूचना पर चंद्रमंडीह पुलिस मौके पर पहुंची और उन्हें वहां से बाहर निकाला।
रकम अभी भी गायब
पुलिस ने तीन आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन 40.50 लाख रुपये की पूरी रकम अभी बरामद नहीं हुई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि वारदात में और कौन-कौन लोग शामिल थे और लूटी गई रकम कहां छिपाई गई है। पुलिस का कहना है कि गिरोह के अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी और रकम की बरामदगी के लिए छापेमारी जारी है।

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