अटका रखा था ANM का 4 महीने का वेतन, क्लर्क ने मांगी वेतन भुगतान के नाम पर एक महीने की रिश्वत, रंगेहाथ गिरफ्तार
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कर्यरत एएनएम का 11 महीने का वेतन भुगतान बाकी था. जिसमें से 7 महीने का भुगतान कर दिए जाने के बाद 4 महीने के भुगतान के लिए एक महीने के बराबर रिश्वत मांगी जाने लगी. निगरानी विभाग ने रंगेहाथ रिश्वत लेते गिरफ्तार कर लिया है.

Jamui, Bihar: जमुई जिले के सोनो सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कार्यरत लिपिक रूपेश कुमार को निगरानी विभाग की टीम ने रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया. जानकारी के अनुसार, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चरैया स्थित हेल्थ एंड वेल्थ सेंटर की एएनएम राजनंदनी ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनका सात महीने का वेतन भुगतान हुआ था, जबकि चार महीने का वेतन बाकी था. बकाया वेतन भुगतान कराने के एवज में लिपिक (क्लर्क) द्वारा एक महीने के वेतन की मांग की जा रही थी, जो राजनंदिनी के वेतन अनुसार 37 हजार रुपए होते हैं.
बताया गया कि इस मामले की शिकायत 23 मार्च को इसी वर्ष निगरानी विभाग में की गई थी. जांच के दौरान शिकायत सही पाई गई. इसके बाद शुक्रवार को विजिलेंस टीम ने जाल बिछाकर कार्रवाई की. एएनएम द्वारा 37 हजार रुपये देने के दौरान ही टीम ने लिपिक रूपेश कुमार को रंगे हाथ पकड़ लिया.
इस संबंध में निगरानी विभाग पटना के पुलिस उपाधीक्षक पवन कुमार ने कार्रवाई की पुष्टि की है. घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है. फिलहाल विजिलेंस टीम आरोपी से पूछताछ कर आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी हुई है.
(जमुई से विश्वजीत सिंह विक्की की रिपोर्ट)
specializes in local and regional stories, bringing simple, factual, and timely updates to readers.
Related Posts

बेगूसराय में युवक ने किन्नर से रचाई शादी, 5 साल के प्रेम को मिली परिवार से सहमति, नई समस्या आई सामने

मुहर्रम को लेकर अरवल में प्रशासन पूरी तरह अलर्ट, अखाड़ों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम







