"कांग्रेस की योजनाओं पर सवार भाजपा कर रही ब्रांडिंग की राजनीति", VB-GRAMG को लेकर कांग्रेस का भाजपा पर पलटवार
झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमिटी के महासचिव आलोक कुमार दुबे ने कहा कि भाजपा की “नाम बदलो–श्रेय लो” की नीति का स्पष्ट प्रमाण है कि योजनाओं के नाम बदलने के बाद भी मूल सोच, ढांचा और लाभार्थी वही रहते हैं.

JHARKHAND (RANCHI): झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमिटी के महासचिव आलोक कुमार दुबे ने मनरेगा का नाम बदले जाने को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर पलटवार किया है. उन्होंने कहा कि देश की जनता अब यह भली-भांति समझ चुकी है कि विकास नहीं, बल्कि योजनाओं के नाम बदलकर राजनीतिक श्रेय लेने की राजनीति की जा रही है.
‘भाजपा की नीति… नाम बदलो–श्रेय लो‘
आलोक कुमार दुबे ने कहा कि यूपीए सरकार के कार्यकाल में शुरू की गई दर्जनों जनकल्याणकारी योजनाओं को केवल नया नाम देकर पेश किया गया, जबकि योजनाओं की मूल सोच, ढांचा और लाभार्थी वही रहे. यह भाजपा की “नाम बदलो–श्रेय लो” कि नीति का स्पष्ट प्रमाण है. उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि मनरेगा, इंदिरा आवास योजना, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन, राजीव गांधी ग्रामीण विद्युतीकरण योजना, राष्ट्रीय पोषण कार्यक्रम, जन औषधि योजना जैसी कांग्रेस सरकार की ऐतिहासिक योजनाओं को अलग-अलग नाम देकर जनता को गुमराह करने का प्रयास किया गया.
‘देश को रोजगार चाहिए, नाम बदलने का तमाशा नहीं’
कांग्रेस नेता ने कहा कि भाजपा बातें बदलाव की करती है, लेकिन ज़मीनी हकीकत में वह भी कांग्रेस काल की नीतियों और योजनाओं पर सवार होकर राजनीति कर रही है, बिना यह स्वीकार किए कि इनकी नींव किसने रखी. उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने हमेशा गरीब, किसान, महिला, मजदूर और वंचित वर्ग को केंद्र में रखकर नीतियां बनाई हैं, जबकि भाजपा केवल ब्रांडिंग, प्रचार और नामकरण तक सीमित है. आलोक कुमार दुबे ने दो टूक कहा, “देश को नाम बदलने की नहीं, रोज़गार, महंगाई नियंत्रण, सामाजिक न्याय और संवैधानिक मूल्यों की रक्षा की ज़रूरत है. कांग्रेस सच्चे विकास और सच बोलने की राजनीति करती रहेगी.









